टी-20 वर्ल्ड कप से पहले ऑनलाइन सट्टा गिरोह का भंडाफोड़, 6 गिरफ्तार
37 लाख नकद बरामद, रायपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई
रायपुर।
टी-20 वर्ल्ड कप से पहले ऑनलाइन सट्टेबाजी पर शिकंजा कसते हुए क्राइम एंड
साइबर यूनिट रायपुर ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने ऑनलाइन
बैटिंग वेबसाइट के जरिए सट्टा संचालित करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते
हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 37 लाख 50 हजार
रुपये नगद, 10 मोबाइल फोन और 3 महंगी चारपहिया गाड़ियां जब्त की गई हैं।
जब्त मशरूका की कुल कीमत करीब 92.50 लाख रुपये बताई गई है।
यह
कार्रवाई पुलिस आयुक्त डॉ. संजीव शुक्ला और अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अमित
तुकाराम कांबले के निर्देशन में की गई। वहीं पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं
साइबर) स्मृतिक राजनाला और पुलिस उपायुक्त (सेंट्रल जोन) उमेश प्रसाद
गुप्ता द्वारा लगातार मॉनिटरिंग की जा रही थी।
चारपहिया वाहनों में चल रहा था ऑनलाइन सट्टा
31
जनवरी को एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट को सूचना मिली कि थाना गंज क्षेत्र
अंतर्गत नागोराव गली अंडर ब्रिज के पास चारपहिया वाहनों में बैठकर कुछ लोग
ऑनलाइन सट्टा संचालित कर रहे हैं। सूचना की तस्दीक के बाद एंटी क्राइम एंड
साइबर यूनिट और थाना गंज पुलिस की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर तीन अलग-अलग
कारों से 6 आरोपियों को पकड़ा।
मोबाइल जांच में सामने आया कि आरोपी
runwin777.com और classic777.com जैसी ऑनलाइन बैटिंग साइट्स के जरिए मास्टर
आईडी बनाकर आईडी बांटते थे और कमीशन के आधार पर सट्टा खिलवाते थे।
आईडी बेचकर कमा रहे थे अवैध मुनाफा
पुलिस
जांच में सामने आया कि आरोपी रखब देव पाहुजा और पीयूष जैन मास्टर आईडी
उपलब्ध कराते थे, जबकि अन्य आरोपी इन्हीं आईडी के जरिए ग्राहकों को ऑनलाइन
सट्टा खेलने के लिए आईडी देते थे। इस पूरे नेटवर्क के तार महाराष्ट्र,
मध्यप्रदेश सहित अन्य राज्यों से जुड़े होने के संकेत मिले हैं। साथ ही
म्यूल बैंक अकाउंट और हवाला ट्रांजेक्शन से जुड़े साक्ष्य भी मिले हैं, जिस
पर आगे वित्तीय जांच की जाएगी।
इन आरोपियों को किया गया गिरफ्तार
रखब देव पाहुजा (46), निवासी भिलाई
पीयूष जैन (26), निवासी रायपुर
जितेंद्र कुमार कृपलानी उर्फ जित्तू (33), निवासी रायपुर
दीपक अग्रवाल (40), निवासी बिलासपुर
कमल राघवानी (32), निवासी रायपुर
सचिन जैन (49), निवासी रायपुर
पुलिस
के अनुसार इनमें से रखब देव पाहुजा, जितेंद्र कृपलानी, दीपक अग्रवाल और
सचिन जैन पूर्व में भी जुआ-सट्टा मामलों में जेल जा चुके हैं।