Posted By:- Lukesh Dewangan
Posted On:- 25-Apr-2026

कैबिनेट मंत्री राजेश अग्रवाल की मौजूदगी में डीएमएफ शासी परिषद की बैठक

रायपुर। कैबिनेट मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने बैठक में स्पष्ट रूप से कहा कि डीएमएफ निधि का अधिकतम उपयोग जनहित के प्रमुख क्षेत्रों जैसे स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, पशुपालन और स्वच्छता में किया जाना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि पूर्व में स्वीकृत कार्यों को समयसीमा में पूर्ण किया जाए और गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न हो। साथ ही उन्होंने “सुपर 30” कोचिंग योजना के माध्यम से विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी कराने पर विशेष जोर दिया।   मंत्री श्री राजेश अग्रवाल की उपस्थिति तथा कलेक्टर एवं अध्यक्ष जिला खनिज संस्थान न्यास श्री अजीत वसंत की अध्यक्षता में शुक्रवार को जिला कलेक्टरेट अंबिकापुर सभाकक्ष में जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) की शासी परिषद की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई।    लुण्ड्रा विधायक श्री प्रबोध मिंज ने कृषि क्षेत्र में विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई और कहा कि सभी विभाग अपने प्रस्ताव जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाकर तैयार करें, ताकि डीएमएफ राशि का प्रभावी और जनहितकारी उपयोग सुनिश्चित हो सके।   कलेक्टर श्री अजीत वसंत ने बताया कि जिले में स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में प्राथमिकता के आधार पर कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने जानकारी दी कि नए नियमों के अनुरूप पंचवर्षीय कार्ययोजना तैयार करने हेतु विभागों से प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि डीएमएफ निधि का उपयोग पूरी पारदर्शिता और नियमानुसार करते हुए जिले के समग्र विकास के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।   बैठक के दौरान सीईओ जिला पंचायत एवं सदस्य सचिव डीएमएफ श्री विनय अग्रवाल ने वर्ष 2016-17 से 2025-26 तक विभिन्न सेक्टरों में स्वीकृत, पूर्ण एवं प्रगतिरत कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। इसमें उच्च प्राथमिकता वाले क्षेत्रों स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल आपूर्ति, पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, कृषि, पशुपालन, महिला एवं बाल कल्याण तथा स्वच्छता से जुड़े कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई।