रायपुर.. उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव ने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। जरूरत इन प्रतिभाओं को पहचानने, तराशने और उन्हें आगे बढ़ने के बेहतर अवसर प्रदान करने की है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार खेल और खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आज बिलासपुर में 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता के समापन समारोह को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए ये बातें कहीं।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल के मैदान में संघर्ष करने और पसीना बहाने वाले खिलाड़ी ही सफलता की नई ऊंचाइयों को छूते हैं। जो खेलेगा, वही खिलेगा। आज देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी खेल और खिलाड़ियों के विकास को विशेष प्राथमिकता दे रहे हैं। खेलो इंडिया के माध्यम से खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार भी खेल और खिलाड़ियों की बेहतरी के लिए लगातार कार्य कर रही है। राज्य में बस्तर एवं सरगुजा ओलंपिक का आयोजन किया गया है। छत्तीसगढ़ को खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स की मेजबानी का अवसर भी मिला है। राज्य सरकार ने बंद हो चुके खेल अलंकरण को पुनः प्रारंभ करने के साथ ही उत्कृष्ट खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण पहल की है। श्री साव ने बताया कि हाल ही में 29 अगस्त को राज्य सरकार द्वारा खिलाड़ियों को प्रोत्साहन स्वरूप एक करोड़ 74 लाख रुपए की राशि प्रदान की गई है। अक्टूबर के अंतिम सप्ताह में छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष योजना के अंतर्गत इस वर्ष के बजट में 100 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसके माध्यम से खेलों के विकास के साथ ही स्पोर्ट्स साइंस और खेल अधोसंरचना को भी मजबूत किया जाएगा।