Posted By:- Lukesh Dewangan
Posted On:- 14-Oct-2026

सड़क सुरक्षा का संदेश लेकर सूरजपुर में दौड़े 800 प्रतिभागी

रायपुर। सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और सुरक्षित यातायात का संदेश जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से सूरजपुर में आयोजित मैराथन में करीब 800 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े और स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने राजमोहनी माता चौक से मैराथन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। दोनों मंत्री स्वयं बाइक रैली में शामिल हुए और नागरिकों से यातायात नियमों का पालन करने तथा सुरक्षित वाहन चलाने की अपील की। जिला प्रशासन सूरजपुर और अपना हेल्प क्यूआर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित मैराथन का समापन साधुराम सेवा कुंज में हुआ। बच्चों, युवाओं और नागरिकों ने दौड़ में भाग लेकर सड़क सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई। इस अवसर पर विजेता प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में ‘रोड सेफ्टी अपना हेल्प क्यूआर’ के लोगो का भी शुभारंभ हुआ। महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि सड़क सुरक्षा की शपथ स्वयं के साथ-साथ दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का संकल्प है। सड़क दुर्घटनाओं का असर केवल घायल व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पूरे परिवार को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसलिए प्रत्येक नागरिक को यातायात नियमों का अनिवार्य रूप से पालन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि युवा समाज में सकारात्मक बदलाव के वाहक हैं और उनकी भागीदारी से सुरक्षित यातायात का संदेश अधिक लोगों तक पहुंचेगा। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि यातायात नियमों का पालन औपचारिकता नहीं, बल्कि जीवन की सुरक्षा के लिए आवश्यक है। सुरक्षित यातायात की शुरुआत हर व्यक्ति को स्वयं से करनी होगी। हेलमेट पहनना, सुरक्षित गति से वाहन चलाना और नियमों का पालन करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि वे दोपहिया वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट का उपयोग करते रहे हैं। मंत्री श्री जायसवाल ने सड़क दुर्घटना में घायल लोगों की मदद के लिए नागरिकों से आगे आने की अपील की। उन्होंने बताया कि पीएम राहवीर योजना के तहत दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को समय पर अस्पताल पहुंचाकर सहायता करने वाले पात्र व्यक्ति को 25 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान है। घायलों के लिए निर्धारित प्रावधानों के तहत कैशलेस उपचार की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने अटल आरोग्य मंदिरों के माध्यम से दी जा रही प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी भी साझा की।